जी हां, मिर्च का इस्तेमाल मसाले के रूप में भोजन में ही नहीं, अब बम बनाने में भी किया जाएगा। भारतीय रक्षा वैज्ञानिक हथगोलों में लाल मिर्च का पाउडर भरने की योजना बना रहे हैं। इसका इस्तेमाल दंगों के दौरान या चरमपंथियों के ख़िलाफ़ हो सकता है।रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन यानी डीआरडीओ का कहना है कि उनकी योजना ऐसे छोटे हथगोले बनाने की है जिसमें मिर्च पाउडर मिला होगा। इसके लिए पूर्वोत्तर राज्यों में उगाई जाने वाली मिर्च का इस्तेमाल होगा जो काफ़ी तीखी मानी जाती है। ऐसे हथगोलों के असर से किसी की मौत नहीं होगी लेकिन वह व्यक्ति निष्क्रिय हो जाएगा। मिर्च की इस प्रजाति का नाम है भुत जोलोकिया जो आम तौर पर इस्तेमाल होने वाली मिर्च से हज़ार गुना ज़्यादा तीखी होती है।
इस मिर्च का इस्तेमाल ठंडे प्रदेशों में तैनात सुरक्षाबलों के खाने में भी होगा। वैज्ञानिकों के मुताबिक इसके सेवन से शरीर का तापमान बढ़ाने में मदद मिलेगी।
भुत जोलोकिया स्कोविले स्केल पर दस लाख यूनिट गर्मी पैदा करता है। इस स्केल का नामाकरण अमरीकी वैज्ञानिक विल्बर स्कोविले के नाम पर हुआ था जिन्होंने मिर्ची में गर्मी का आकलन करने की पद्धति इजाद की थी।
(स्रोत : बीबीसी हिन्दी)